भोतिक पागलपन पर मेरी प्रतिक्रिया
जय श्री क्रिष्णा!
लो, मैं आ गया। जी हाँ! कुछ लोग मेरे प्रतिउत्तर की प्रतीक्षा कर रहे थे! राम सेतु पर सेतुसमुद्रम, मुरारीबापु, प्रिहास करना, गुजरात तथा बैंगलोरु में आतंकवाद का सफ़ल होना, राजनीतिक उथल-पुथल, समाजतंत्र, एलिअन जीव, उडन-तश्तरीयाँ, एलिअन का सिक्रेट विडियो, एरिया 51, मंगलवासी, चाँद पर एलिअनस, चन्द्रयान मिशन, नदियों को आपस मे जोडना, कम्युनिष्ट विचारधारा, तथाकथित जरनलिज़म, एफ़ एम रेडियो पर (सेक्स के लिए) किशोरों के लिए रात नौ बजे की सेटिंग, रेनबो एO आO आरO पर युवती एंकर का “डैटस पेन ईन ऐ***” शब्द का प्रयोग आदि, ईन सब पर मेरी प्रतिक्रिया है :- “म्रत्युलोक के भ्रमित लोगों का भोतिक पागलपन”। ईन सभी, या फ़िर ईन मे से कुछ पर, मैं अगस्त - सितम्बर माह में थोडा और लिखुंगा….
जय श्री कृष्ण!
July 29 2008 10:27 am | आस्था and जीवन and धरती and भारत and मेरी अपनी and समाज



